ईरान को टोल दिया तो लगेगा प्रतिबंध: अमेरिका की दो टूक चेतावनी
वाशिंगटन । डेस्क: वाशिंगटन ने स्पष्ट कर दिया है कि ईरान को हॉर्मुज जलडमरूमध्य से सुरक्षित मार्ग के लिए किसी भी प्रकार का टोल या शुल्क देने वाले शिपर्स को कड़े अमेरिकी प्रतिबंधों का सामना करना पड़ेगा. शुक्रवार को अमेरिकी ट्रेजरी विभाग के विदेशी संपत्ति नियंत्रण कार्यालय (OFAC) द्वारा जारी यह सलाह ऐसे समय में आई है जब ईरान के खिलाफ अमेरिकी नौसैनिक नाकेबंदी अपने तीसरे सप्ताह में प्रवेश कर चुकी है.
पिछले कुछ हफ्तों से दोनों देशों के बीच युद्धविराम वार्ता रुकी हुई है, जिसके बीच ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेज़ेशकियन ने अपने देश के बंदरगाहों की घेराबंदी को "असहनीय" करार दिया है.
हॉर्मुज जलडमरूमध्य वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति के लिए एक महत्वपूर्ण धमनी है, जहाँ से दुनिया के कुल कच्चे तेल और तरलीकृत प्राकृतिक गैस (LNG) के समुद्री शिपमेंट का लगभग पांचवां हिस्सा गुजरता है. 28 फरवरी को ईरान पर अमेरिका और इजरायल के हमलों के बाद से इस मार्ग पर नियंत्रण दोनों पक्षों के लिए कूटनीतिक और सैन्य लाभ का प्रमुख केंद्र बन गया है.
ईरान ने युद्ध समाप्त करने के अपने पिछले प्रस्तावों में इस जलमार्ग से गुजरने वाले जहाजों से शुल्क वसूलने का सुझाव दिया था, जिसे वाशिंगटन ने बार-बार खारिज कर दिया है.
ट्रेजरी विभाग की चेतावनी में कहा गया है कि ईरान भुगतान के लिए फिएट मुद्रा, डिजिटल संपत्ति, अनौपचारिक स्वैप या दान जैसे विभिन्न तरीकों का उपयोग कर सकता है. इनमें ईरानी रेड क्रिसेंट सोसाइटी या बोन्याद मोस्तज़ाफ़न जैसे संगठनों को दी जाने वाली सहायता भी शामिल है.
अमेरिका ने स्पष्ट किया है कि भुगतान का तरीका चाहे जो भी हो, इसमें शामिल किसी भी अमेरिकी या गैर-अमेरिकी व्यक्ति पर प्रतिबंध लगाए जा सकते हैं क्योंकि ईरानी सरकार और इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) पहले से ही प्रतिबंधों के अधीन हैं.