महतारी वंदन योजना: पुरुष ने खुद को ही महिला बताकर लिया सरकारी लाभ
खैरागढ़ । संवाददाता: छत्तीसगढ़ सरकार की महत्वाकांक्षी 'महतारी वंदन योजना' में धोखाधड़ी का एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है. महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण के लिए शुरू की गई इस योजना का लाभ उठाने के लिए खैरागढ़ के एक पुरुष ने खुद को ही महिला और अपना पति दर्शाते हुए आवेदन कर दिया.
हैरान करने वाली बात यह है कि आंगनवाड़ी कार्यकर्ता से लेकर सुपरवाइजर तक, कई स्तरों पर इस आवेदन का सत्यापन भी हो गया और आरोपी को 10 महीने तक सरकारी सहायता राशि मिलती रही.
यह पूरा मामला खैरागढ़ जिले के मुढ़ीपार गांव का है, जहां के निवासी तिलोक साहू ने इस धोखाधड़ी को अंजाम दिया. आरोपी ने आवेदन फॉर्म में लाभार्थी के नाम और पति के नाम, दोनों ही कॉलम में अपना नाम दर्ज किया था.
विभागीय लापरवाही के चलते इस विसंगति पर किसी का ध्यान नहीं गया और मार्च 2024 से दिसंबर 2024 तक उसके बैंक खाते में नियमित रूप से पैसे ट्रांसफर होते रहे. जनवरी 2025 में जब विभाग को करीब 18 महीने बाद इस गड़बड़ी का पता चला, तो तुरंत भुगतान पर रोक लगाई गई.
खैरागढ़ के जिला कार्यक्रम अधिकारी पी. आर. खुंटे ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि फर्जीवाड़ा सामने आने के बाद लाभार्थी का आवेदन स्थायी रूप से निरस्त कर दिया गया है और उससे अब तक ली गई ₹10,000 की राशि वसूल कर ली गई है.
उन्होंने आगे कहा कि इस पूरे मामले की गहन जांच की जा रही है कि यह सिर्फ आवेदक द्वारा किए गए झूठे दावों का नतीजा है या फिर सत्यापन करने वाले कर्मचारियों की घोर लापरवाही. जांच रिपोर्ट के आधार पर दोषियों के खिलाफ सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई की सिफारिश की जाएगी.