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ईरान में IRGC कमांडरों के ‘बोर्ड’ के हाथ में देश की कमान

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23 अप्रै. 2026, 06:53 PM 2 मिनट में पढ़ें 1

मोजतबा खामेनेई
मोजतबा खामेनेई

नई दिल्ली । डेस्क: न्यूयॉर्क टाइम्स की एक चौंकाने वाली रिपोर्ट के अनुसार, ईरान के नए सर्वोच्च नेता मुजतबा खामेनेई एक विशिष्ट 'बोर्ड डायरेक्टर' की शैली में देश का शासन चला रहे हैं. रिपोर्ट में वरिष्ठ ईरानी अधिकारियों के हवाले से बताया गया है कि मुजतबा "मानसिक रूप से पूरी तरह सक्रिय और व्यस्त" हैं, लेकिन वह सीधे शासन करने के बजाय इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) के शक्तिशाली कमांडरों की एक परिषद या 'बोर्ड' के माध्यम से निर्णय ले रहे हैं. 


मार्च में पदभार संभालने के बाद से मुजतबा खामेनेई सार्वजनिक रूप से दिखाई नहीं दिए हैं, जिससे उनकी स्थिति को लेकर कई अटकलें लगाई जा रही हैं. अमेरिकी रक्षा सचिव पीट हेगसेथ के दावों के अनुसार, मुजतबा उस हमले में घायल हो गए थे जिसमें उनके पिता अली खामेनेई की मृत्यु हुई थी.


वर्तमान व्यवस्था के तहत, मुजतबा बाहरी दुनिया के अपडेट हस्तलिखित नोटों के माध्यम से प्राप्त करते हैं और जनता को उनके संदेश केवल लिखित बयानों के जरिए ही मिलते हैं. 


पूर्व राष्ट्रपति महमूद अहमदीनेजाद के सहयोगी रहे अब्दोलरेजा दावरी ने स्पष्ट किया कि मुजतबा ने उन जनरलों को 'बोर्ड मेंबर' नियुक्त किया है जिन पर वह भरोसा करते हैं, और अब यही सैन्य अधिकारी रक्षा और विदेश नीति से जुड़े महत्वपूर्ण फैसले ले रहे हैं. 


यह कार्यशैली उनके पिता अली खामेनेई के शासन से बिल्कुल अलग है, जो पूर्ण सत्ता के साथ अकेले फैसले लेने के लिए जाने जाते थे. विश्लेषकों का मानना है कि इस नई व्यवस्था में IRGC सबसे प्रभावी ताकत बनकर उभरी है.


इस बीच, ईरान की कूटनीति में भी बड़े बदलाव देखे जा रहे हैं. संसद अध्यक्ष मोहम्मद बागेर गालिब़ाफ़ ने अब अमेरिका के साथ शांति समझौते की बातचीत की कमान संभाल ली है, जबकि विदेश मंत्री अब्बास अराघची को हाशिए पर धकेल दिया गया है. 


गालिब़ाफ़ ने हाल ही में एक व्यावहारिक रुख अपनाते हुए स्वीकार किया कि ईरान को अपनी सैन्य उपलब्धियों के बावजूद अमेरिका की शक्ति को कम करके नहीं आंकना चाहिए. उन्होंने स्पष्ट किया कि शांति प्रस्तावों पर अंतिम राय मुजतबा खामेनेई की होगी, लेकिन फिलहाल सत्ता का संतुलन जनरलों और नई परिषद के इर्द-गिर्द घूम रहा है. 


विशेषज्ञ सनम वकील के अनुसार, मुजतबा अभी पूरी तरह से नियंत्रण में नहीं हैं और अक्सर उनके सामने सैन्य अधिकारियों द्वारा लिए गए निर्णयों को केवल औपचारिक मंजूरी के लिए पेश किया जाता है.

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CGKhabar — Editor: Raghvendra Chand Singh, Raipur, Chhattisgarh. Managed by Space IX Media LLP