'मुख्यमंत्री बिजली बिल भुगतान समाधान योजना 2026', जानें किसे मिलेगा लाभ
रायपुर । संवाददाता: छत्तीसगढ़ स्टेट पावर डिस्ट्रिब्यूशन कंपनी लिमिटेड (CSPDCL) ने प्रदेश के बिजली उपभोक्ताओं को एक बड़ी राहत देते हुए 'मुख्यमंत्री बिजली बिल भुगतान समाधान योजना 2026' के संशोधित दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं. इस योजना के तहत गरीबी रेखा के नीचे (BPL) जीवन यापन करने वाले परिवारों, गैर-सरकारी घरेलू उपभोक्ताओं और किसानों के बकाया बिजली बिलों पर भारी छूट दी जा रही है. यह योजना आगामी 30 जून तक प्रभावी रहेगी. बिजली कंपनी ने स्पष्ट किया है कि मार्च में जारी किए गए पुराने निर्देशों के स्थान पर अब ये नए नियम लागू होंगे.
नई गाइडलाइन के अनुसार, राहत राशि का निर्धारण करने के लिए उपभोक्ताओं को दो श्रेणियों 'सक्रिय' (Active) और 'नॉन-एक्टिव' (Inactive) में बांटा गया है. ऐसे उपभोक्ता जिनके बिजली कनेक्शन 31 मार्च 2023 या उससे पहले कट चुके हैं (नॉन-एक्टिव हैं), उनका पूरा सरचार्ज (ब्याज) माफ कर दिया जाएगा. इसके साथ ही, नॉन-एक्टिव बीपीएल उपभोक्ताओं का 75 प्रतिशत और सामान्य घरेलू व कृषि उपभोक्ताओं का 50 प्रतिशत मूलधन (प्रिंसिपल अमाउंट) भी माफ होगा.
इस श्रेणी के लोगों को योजना का लाभ उठाने के लिए कहीं भटकना नहीं पड़ेगा, क्योंकि सॉफ्टवेयर के माध्यम से उन्हें यह छूट अपने आप मिल जाएगी.
सक्रिय उपभोक्ताओं की बात करें, तो 1 किलोवाट तक लोड वाले बीपीएल परिवारों के लिए विशेष प्रावधान हैं. यदि उनका बिल 5 साल से अधिक समय से बकाया है, तो उन्हें मूलधन में 75 प्रतिशत और सरचार्ज में 100 प्रतिशत की छूट मिलेगी.
वहीं, 5 साल से कम पुराने बकाए पर 50 प्रतिशत मूलधन और पूरा सरचार्ज माफ किया जाएगा. बची हुई राशि को उपभोक्ता किश्तों में चुका सकते हैं, जिसके लिए बकाए की रकम के आधार पर 40 से 60 महीने तक का समय दिया जाएगा.
दूसरी ओर, सक्रिय घरेलू और कृषि उपभोक्ताओं को इस छूट का लाभ उठाने के लिए पंजीकरण कराना अनिवार्य होगा. पूरा सरचार्ज माफ होने के बाद उनके पास भुगतान के तीन विकल्प होंगे. यदि वे एकमुश्त भुगतान करते हैं, तो मूलधन में 10 प्रतिशत की अतिरिक्त छूट मिलेगी. तीन किश्तों में भुगतान करने पर 5 प्रतिशत की छूट दी जाएगी, जबकि छह किश्तों में भुगतान करने पर मूलधन में कोई छूट नहीं मिलेगी. पंजीकरण के समय कुल बकाए का कम से कम 5 प्रतिशत हिस्सा जमा करना जरूरी होगा.
पात्र उपभोक्ता CSPDCL के 'मोर बिजली' ऐप के जरिए घर बैठे ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं. जिन उपभोक्ताओं के पास इंटरनेट या स्मार्टफोन की सुविधा नहीं है, वे नजदीकी बिजली दफ्तर या उप-संभाग कार्यालय जाकर अधिकारियों की मदद से 'प्रकाश' ऐप के माध्यम से अपना रजिस्ट्रेशन करवा सकते हैं. ध्यान रहे कि बिजली चोरी या अन्य गड़बड़ियों के मामलों (बिजली अधिनियम 2003 की धारा 126, 135 और 138) से घिरे उपभोक्ताओं को इस योजना के दायरे से बाहर रखा गया है.
योजना का लाभ लेने के बाद यदि कोई उपभोक्ता लगातार किश्तें जमा नहीं करता है, तो प्लान को चालू रखने के लिए 50 रुपये से लेकर 200 रुपये तक का जुर्माना लगाया जाएगा. लगातार तीन महीने तक डिफॉल्ट करने पर योजना का लाभ रद्द कर दिया जाएगा और पूरा पुराना बकाया दोबारा बिल में जोड़ दिया जाएगा.
इसके अतिरिक्त, कंपनी ने राजस्व वसूली को तेज करने के लिए मीटर रीडरों के लिए भी प्रोत्साहन राशि की घोषणा की है, हालांकि उन्हें उपभोक्ताओं से सीधे नकद राशि वसूलने की अनुमति नहीं होगी.