छत्तीसगढ़ कर्मचारी चयन बोर्ड विधेयक 2026 पास
रायपुर । संवाददाता: छत्तीसगढ़ विधानसभा ने शुक्रवार को राज्य के युवाओं के लिए एक बड़ा कदम उठाते हुए 'छत्तीसगढ़ कर्मचारी चयन बोर्ड विधेयक, 2026' को सर्वसम्मति से पारित कर दिया है. इस नए कानून के तहत अब प्रदेश के विभिन्न सरकारी विभागों में तृतीय और चतुर्थ श्रेणी के पदों पर भर्ती के लिए एक विशेष बोर्ड का गठन किया जाएगा.
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने सदन में इस विधेयक को पेश करते हुए कहा कि इस कदम से न केवल भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता आएगी, बल्कि व्यापमं (CPEB) का विलय भी इसी नए बोर्ड में कर दिया जाएगा.
अब उम्मीदवारों को अलग-अलग विभागों के लिए बार-बार आवेदन करने की जरूरत नहीं होगी, बल्कि समान योग्यता वाले पदों के लिए एक ही विज्ञापन और एक ही परीक्षा आयोजित की जाएगी.
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि पिछली सरकार के दौरान भर्ती प्रक्रियाओं में हुई गड़बड़ियों और विश्वास की कमी को दूर करने के लिए यह निर्णय लिया गया है.
उन्होंने भ्रष्टाचार के प्रति 'जीरो टॉलरेंस' की नीति दोहराते हुए कहा कि नया बोर्ड एक वार्षिक परीक्षा कैलेंडर जारी करेगा, जिससे छात्र बेहतर तैयारी कर सकेंगे.
यह बोर्ड परीक्षाओं के साथ-साथ साक्षात्कार और कौशल परीक्षण भी आयोजित करेगा और इसे अनुचित साधनों का उपयोग करने वाले उम्मीदवारों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने का अधिकार होगा. इस नए बोर्ड के संचालन के लिए लगभग 30 करोड़ रुपये का वार्षिक बजट निर्धारित किया गया है और इसका नेतृत्व प्रमुख सचिव स्तर के अध्यक्ष करेंगे.