'कागज मिटाओ, अधिकार चुराओ'- BJP पर राहुल का आरोप
नई दिल्ली । डेस्क: कांग्रेस सांसद और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने गुरुवार को भारतीय जनता पार्टी पर छत्तीसगढ़ में बहुजनों के अधिकार "चुराने" का आरोप लगाया. उन्होंने कहा कि बीजेपी मतदाता सूची से दलितों और पिछड़े वर्गों के नाम हटा रही है और आदिवासियों के वन अधिकार पत्रों को "गायब" कर रही है.
गांधी ने गुरुवार को X पर एक पोस्ट में, एक समाचार रिपोर्ट का हवाला देते हुए आरोप लगाया कि छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव जिले में आधे से अधिक वन अधिकार पत्र सरकारी रिकॉर्ड से गायब हो गए हैं, जबकि बस्तर में 2,788 ऐसे पत्र "अचानक" लापता हो गए हैं.
उन्होंने लिखा, "कागज मिटाओ, अधिकार चुराओ – बीजेपी ने इसे बहुजनों के दमन के लिए नया हथियार बनाया है. एक तरफ वे दलितों और पिछड़े वर्गों के नाम मतदाता सूची से हटाते हैं, दूसरी तरफ आदिवासियों के वन अधिकार पत्रों को 'गायब' कर देते हैं."
गांधी ने कहा कि कांग्रेस ने आदिवासियों के जल, जंगल और जमीन की रक्षा के लिए वन अधिकार अधिनियम लागू किया था, जबकि बीजेपी इसे कमजोर कर रही है और उनके प्राथमिक अधिकार छीन रही है.
आदिवासियों को देश का "प्रथम मालिक" बताते हुए गांधी ने जोर देकर कहा, "हम उनके अधिकारों की रक्षा हर हाल में करेंगे."
2006 का अनुसूचित जनजाति और अन्य पारंपरिक वनवासी (वन अधिकारों की मान्यता) अधिनियम, जिसे वन अधिकार अधिनियम के रूप में जाना जाता है, वनवासियों और अन्य पारंपरिक समुदायों को वन भूमि और संसाधनों के स्वामित्व और उपयोग के लिए कानूनी अधिकार प्रदान करता है.
यह कानून औपनिवेशिक काल की ऐतिहासिक गलतियों को सुधारने के लिए बनाया गया था, जब आदिवासी और अन्य वनवासी वन संसाधनों का उपयोग करने के लिए अपराधी माने जाते थे.