बास्तानार के 34 सरपंचों ने दी सामूहिक इस्तीफे की चेतावनी
बस्तर । संवाददाता: छत्तीसगढ़ के बस्तर जिले में विकास कार्यों के लिए फंड न मिलने से नाराज ग्राम पंचायत के सरपंचों का गुस्सा फूट पड़ा है. सोमवार को बास्तानार जनपद क्षेत्र के 30 से अधिक सरपंचों ने बस्तर कलेक्टर को मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन सौंपा.
सरपंच संघ का आरोप है कि चुनाव के बाद से पंचायतों को विकास कार्यों के लिए पर्याप्त राशि उपलब्ध नहीं कराई गई है, जिससे गांवों में जरूरी योजनाएं और निर्माण कार्य पूरी तरह ठप पड़े हैं.
सरपंच संघ ने प्रशासन के सामने प्रत्येक पंचायत में कम से कम तीन विकास कार्य स्वीकृत करने की मांग रखी है, जिसमें 300 मीटर सीसी रोड, 3 मीटर की पुलिया और 5 लाख रुपये तक का सामुदायिक भवन शामिल है. बास्तानार जनपद क्षेत्र के सरपंच संघ के अध्यक्ष चंद्रशेखर ठाकुर ने बताया कि फंड के अभाव में गांवों में मूलभूत सुविधाएं भी मुहैया नहीं हो पा रही हैं.
इससे पहले ग्रामीणों के साथ मिलकर हाइवे पर चक्का जाम भी किया गया था, लेकिन शासन-प्रशासन से सिर्फ आश्वासन ही मिला, कोई ठोस समाधान नहीं निकला.
सरपंचों ने साफ चेतावनी दी है कि यदि एक महीने के भीतर उनकी मांगें पूरी नहीं की गईं, तो अगस्त महीने में जनपद पंचायत कार्यालय के सामने धरना-प्रदर्शन किया जाएगा.
इसके बाद भी यदि सरकार ने उनकी सुध नहीं ली, तो बास्तानार जनपद की सभी 34 ग्राम पंचायतों के सरपंच सामूहिक रूप से अपना इस्तीफा सौंप देंगे.
गौरतलब है कि बस्तर संभाग में फंड की किल्लत को लेकर सरपंचों का यह विरोध तेज होता जा रहा है. हाल ही में कांकेर जिले के अंतागढ़ ब्लॉक में भी 55 सरपंचों ने इसी समस्या को लेकर सामूहिक इस्तीफा दे दिया था, और अब बास्तानार के सरपंचों ने भी उसी राह पर चलने का एलान कर दिया है.