छत्तीसगढ़ के वनांचलों के 180 और गाँव सीधे बस सेवा से जुड़े
रायपुर । संवाददाता: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बुधवार 10 दिसंबर को राजधानी रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास कार्यालय से मुख्यमंत्री ग्रामीण बस योजना के द्वितीय चरण का औपचारिक शुभारंभ किया. उन्होंने वर्चुअली हरी झंडी दिखाकर 24 नई बसों को रवाना किया. यह योजना छत्तीसगढ़ के बस्तर और सरगुजा अंचल के सुदूर वनांचलों में ग्रामीण परिवहन को नई दिशा दे रही है.
द्वितीय चरण में बस्तर और सरगुजा संभाग के 10 जिलों के 23 मार्गों पर इन 24 नई बसों का संचालन प्रारंभ हुआ है, जिससे 180 गांव सीधे बस सुविधा से जुड़ गए हैं. इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का स्पष्ट संकल्प है कि छत्तीसगढ़ का कोई भी गांव विकास की मुख्यधारा से अलग न रहे. यह योजना ग्रामीणों को शहरों और सेवा संस्थानों से जोड़कर सामाजिक एवं आर्थिक समानता को मजबूत कर रही है. उन्होंने इस योजना को ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों में सार्वजनिक परिवहन की सुदृढ़ व्यवस्था सुनिश्चित करने की दिशा में एक मील का पत्थर बताया, जिससे लोगों को सुरक्षित, समयबद्ध और सुविधाजनक यात्रा का अवसर मिल रहा है.
कार्यक्रम में उपस्थित सुकमा-दोरनापाल-कोंटा मार्ग के ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री से आत्मीय चर्चा करते हुए बताया कि अब दूरस्थ इलाकों से ब्लॉक मुख्यालयों तक पहुंचना पहले की तुलना में काफी सहज और सुगम हो गया है. ग्रामीणों ने बताया कि अब वे लगभग 110 किलोमीटर की यात्रा भी बस से आसानी से कर पा रहे हैं, जो पहले बेहद कठिन और समयसाध्य थी.
जिन दुर्गम और वनांचल क्षेत्रों तक कभी यातायात की सुविधा नहीं पहुंची थी, वहाँ भी अब बस सेवाएँ प्रारंभ हो रही हैं. यह योजना विशेष रूप से बस्तर और सरगुजा के जनजातीय बहुल इलाकों के लिए एक वरदान के रूप में उभर रही है.
उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री ग्रामीण बस योजना के प्रथम चरण की शुरुआत 04 अक्टूबर 2025 को केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह द्वारा की गई थी, जिसके अंतर्गत 250 गांवों को बस सेवाओं से जोड़ा गया था. द्वितीय चरण की शुरुआत के साथ, अब लाभान्वित होने वाले गांवों की संख्या में और वृद्धि हुई है.
इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा, उप मुख्यमंत्री अरुण साव सहित मंत्रिमंडल के अन्य सदस्य, तथा वरिष्ठ अधिकारीगण उपस्थित थे.