शी ने की US-China सैन्य टकराव टालने की वकालत की
वाशिंगटन । डेस्क: दुनिया की दो सबसे बड़ी महाशक्तियों-अमेरिका और चीन-के बीच आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, व्यापार और ताइवान को लेकर गहराते तनाव के बीच एक नया मोड़ देखने को मिला है. चीन के राष्ट्रपति सी जिनपिंग ने ह्वाइट हाउस में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के साथ हुई शिखर वार्ता में दोनों देशों के बीच सैन्य टकराव को टालने और गहरे सहयोग की पुरजोर वकालत की है. उन्होंने ऐतिहासिक 'थ्यूसीडाइड्स ट्रैप' का जिक्र करते हुए जोर दिया कि अमेरिका और चीन के बीच टकराव दोनों पक्षों के लिए नुकसानदेह साबित होगा, जबकि शांतिपूर्ण सहअस्तित्व और निरंतर संवाद से ही दोनों देशों का भला हो सकता है.
महाशक्तियों के बीच संवाद और आपसी विश्वास की दरकार
ह्वाइट हाउस में आयोजित औपचारिक स्वागत समारोह के दौरान राष्ट्रपति सी जिनपिंग ने स्पष्ट किया कि चीन और अमेरिका की राष्ट्रीय परिस्थितियां भले ही भिन्न हों, लेकिन पारदर्शी और सतत संवाद के जरिए एक-दूसरे को बेहतर ढंग से समझा जा सकता है. उन्होंने कहा कि "चीजीन राष्ट्र के महान पुनरुद्धार" और "अमेरिका को फिर से महान बनाने" के दोनों नेताओं के लक्ष्य एक-दूसरे के विरोधी नहीं बल्कि पूरक हो सकते हैं. इस दिशा में कदम बढ़ाते हुए उन्होंने संकट प्रबंधन तंत्र को मजबूत करने और 1,00,000 युवा अमेरिकियों को छात्र विनिमय कार्यक्रम के तहत चीन आमंत्रित करने का भी प्रस्ताव रखा.
व्यापार और तकनीक के मोर्चे पर तनाव जारी
शांति और सहयोग के इस सुर के बावजूद दोनों देशों के बीच वास्तविक मतभेद अब भी काफी गहरे हैं. आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और उन्नत सेमीकंडक्टर चिप्स की दौड़ में बढ़त बनाए रखने के लिए अमेरिका ने सख्त निर्यात प्रतिबंध लागू कर रखे हैं. वहीं, लंबे समय से जारी व्यापार युद्ध के तहत दोनों देशों ने एक-दूसरे के सामानों पर भारी टैरिफ लगाए हैं. हालांकि दक्षिण कोरिया में बनी सहमति के तहत टैरिफ युद्ध में दी गई राहत को फरवरी तक के लिए बढ़ा दिया गया है, लेकिन विश्लेषकों का मानना है कि व्यापार असंतुलन और चीनी आयात में लगातार हो रही वृद्धि के चलते यह शांति अस्थायी साबित हो सकती है.
टेक दिग्गजों की मौजूदगी में भव्य राजकीय भोज
वार्ता के बाद राष्ट्रपति ट्रंप ने ह्वाइट हाउस में चीनी राष्ट्रपति के सम्मान में एक भव्य राजकीय भोज का आयोजन किया. इस कार्यक्रम में सिलिकॉन वैली और वैश्विक टेक जगत के सबसे प्रमुख चेहरे शामिल हुए, जिनमें एनवीडिया के जेन्सन हुआंग, मेटा के मार्क जुकरबर्ग, एप्पल के टिम कुक, टेस्ला व स्पेसएक्स के एलन मस्क और ओपनएआई के सैम ऑल्टमैन प्रमुख थे. ट्रंप ने दोनों देशों के ऐतिहासिक व सांस्कृतिक संदर्भों का उल्लेख करते हुए सी जिनपिंग के साथ अपने व्यक्तिगत संबंधों और आपसी सम्मान को रेखांकित किया, जिससे भविष्य में रणनीतिक स्थिरता की एक नई शुरुआत का संकेत मिलता है. File Photo.