क्या भ्रष्टाचार के मामलों में नेतन्याहू को माफी मिलेगी?
यरूशलेम । डेस्क: इस्राइल के राजनीतिक गलियारों में यह सवाल आज सबसे बड़ा बन गया है कि क्या प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू को उनके खिलाफ चल रहे भ्रष्टाचार के मामलों में राष्ट्रपति से माफी मिल पाएगी? इस सस्पेंस पर विराम लगाते हुए राष्ट्रपति इसाक हर्जोग ने रविवार को स्पष्ट किया कि वह नेतन्याहू की माफी की अर्जी पर अभी कोई फैसला नहीं लेंगे.
राष्ट्रपति का मानना है कि माफी जैसे कदम पर विचार करने से पहले यह जरूरी है कि दोनों पक्षों के बीच 'प्ली डील' यानी अदालत के बाहर समझौते के सभी प्रयास पूरी तरह से आजमा लिए जाएं. हर्जोग के अनुसार, इस लंबी कानूनी लड़ाई का सबसे गरिमापूर्ण समाधान आपसी समझौता ही हो सकता है, न कि सीधे तौर पर दी गई कोई माफी.
प्रधानमंत्री नेतन्याहू, जो इस्राइल के पहले ऐसे मौजूदा प्रधानमंत्री हैं जिन पर पद पर रहते हुए आपराधिक मुकदमा चल रहा है, साल 2020 से रिश्वतखोरी, धोखाधड़ी और विश्वासघात जैसे गंभीर आरोपों का सामना कर रहे हैं.
हालांकि नेतन्याहू ने इन सभी आरोपों को गलत बताया है, लेकिन इस ट्रायल ने देश की राजनीति को बुरी तरह प्रभावित किया है.
राष्ट्रपति हर्जोग का यह रुख न्यूयॉर्क टाइम्स की उस रिपोर्ट के बाद आया है जिसमें दावा किया गया था कि राष्ट्रपति खुद इस मामले में मध्यस्थता कर समझौता कराने की कोशिश कर रहे हैं.
उल्लेखनीय है कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप भी ईरान के साथ युद्ध जैसी स्थितियों का हवाला देते हुए कई बार नेतन्याहू को माफी देने की वकालत कर चुके हैं, लेकिन इस्राइली कानून में ट्रायल के बीच माफी देने की कोई मिसाल नहीं मिलती.
फिलहाल, राष्ट्रपति के रुख से यह साफ है कि नेतन्याहू को राहत मिलने का रास्ता अभी लंबा और अनिश्चित है, जबकि अक्टूबर 2026 के चुनावों से पहले इस कानूनी ड्रामे का अगला अंक इस सप्ताह अदालत में शुरू होने जा रहा है.