ट्रम्प बोले: वेनेज़ुएला का तेल अमेरिका को, राजस्व मेरे नियंत्रण में
वाशिंगटन । डेस्क: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने घोषणा की है कि वेनेजुएला 30 से 50 मिलियन बैरल प्रतिबंधित तेल अमेरिका को देगा. ट्रम्प के अनुसार, यह तेल बाजार भाव पर बेचा जाएगा और उससे होने वाली आय उनके नियंत्रण में रहेगी, ताकि धन का उपयोग वेनेजुएला और अमेरिका—दोनों के हित में किया जा सके. उन्होंने ऊर्जा मंत्री क्रिस राइट को योजना “तत्काल” लागू करने का निर्देश देने की बात कही है.
ट्रम्प ने बताया कि तेल को स्टोरेज जहाजों के जरिए सीधे अमेरिका के अनलोडिंग डॉक तक लाया जाएगा. यह घोषणा वेनेजुएला के तेल भंडार “वापस लेने” और देश के जर्जर ऊर्जा क्षेत्र को पुनर्जीवित करने के उनके वादे के बाद आई है. ट्रम्प का कहना है कि अमेरिकी तेल कंपनियां वेनेजुएला के बुनियादी ढांचे के पुनर्निर्माण में अरबों डॉलर निवेश को तैयार हैं.
हालांकि विश्लेषकों का मानना है कि उत्पादन को पुराने स्तर के करीब पहुंचाने में भारी निवेश और वर्षों का समय लगेगा. रिस्टैड एनर्जी के अनुमान के मुताबिक, मध्य-2010 के दशक के करीब 20 लाख बैरल प्रतिदिन उत्पादन तक लौटने के लिए लगभग 110 अरब डॉलर के पूंजी निवेश की जरूरत होगी.
बाजार विशेषज्ञ अमेरिकी कंपनियों के बड़े निवेश को लेकर संदेह जताते हैं वैश्विक बाजार में तेल की अधिकता और ह्यूगो शावेज सरकार द्वारा 2007 में किए गए राष्ट्रीयकरण के अनुभव को देखते हुए. उस दौर में एक्सॉनमोबिल और कोनोकोफिलिप्स को अंतर्राष्ट्रीय मध्यस्थता में क्रमशः 1.6 अरब और 8.7 अरब डॉलर के अवॉर्ड मिले थे, जिनका भुगतान नहीं हुआ.
कभी दुनिया के शीर्ष तेल उत्पादकों में शामिल रहा वेनेजुएला आज अमेरिकी प्रतिबंधों, वर्षों की कम निवेश, कुप्रबंधन और भ्रष्टाचार के कारण वैश्विक उत्पादन में एक प्रतिशत से भी कम हिस्सेदारी रखता है जबकि उसके पास दुनिया के सबसे बड़े ज्ञात तेल भंडार मौजूद हैं.