ऑपरेशन सिंदूर: आतंकवाद के खिलाफ भारत की एकजुटता का प्रतीक
नई दिल्ली । डेस्क: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने 79वें स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर राष्ट्र को संबोधित करते हुए कहा कि ऑपरेशन सिंदूर आतंकवाद के खिलाफ मानवता की लड़ाई का एक उदाहरण बनकर इतिहास में दर्ज होगा. उन्होंने कहा कि पहलगाम आतंकी हमले का जवाब भारत ने दृढ़ संकल्प के साथ दिया, जिसमें सशस्त्र बलों ने सीमा पार आतंकी ठिकानों को नष्ट किया.
राष्ट्रपति ने देश की एकता की सराहना की और कहा, "हमारी एकजुटता उन लोगों के लिए सबसे सटीक जवाब थी, जो हमें बांटना चाहते थे."
उन्होंने ऑपरेशन सिंदूर को रक्षा क्षेत्र में बढ़ती आत्मनिर्भरता का एक परीक्षण बताया.
राष्ट्रपति ने भारत की प्राचीन लोकतांत्रिक परंपराओं और संविधान की प्रशंसा करते हुए कहा कि यह देश के लोकतंत्र की नींव है.
उन्होंने अर्थव्यवस्था पर जोर देते हुए कहा कि भारत 2047 तक विकसित राष्ट्र बनने की राह पर है, जिसमें 6.5% की जीडीपी वृद्धि और नियंत्रित मुद्रास्फीति शामिल है.
उन्होंने भ्रष्टाचार के प्रति शून्य सहनशीलता और सुशासन पर जोर दिया.
साथ ही, भारत-एआई मिशन का उल्लेख करते हुए कहा कि तकनीकी नवाचार, विशेष रूप से कृत्रिम बुद्धिमत्ता, आम लोगों के जीवन को बेहतर बनाने में मदद करेगी.
राष्ट्रपति ने यह भी कहा कि विकास तभी सार्थक है, जब वह हाशिए पर रहने वाले समुदायों को लाभ पहुंचाए और उनके लिए नए अवसर पैदा करे.