रवि, 18 अक्टू. 2026

CGKhabar

गाज़ा में रोजाना औसतन एक मासूम गंवा रहा जान: यूनिसेफ

C

CG Khabar

06 अग. 2026, 06:36 PM 2 मिनट में पढ़ें 5

गाज़ा
गाज़ा

नई दिल्ली । डेस्क: संयुक्त राष्ट्र बाल कोष (UNICEF) ने गाज़ा में बच्चों की स्थिति को लेकर एक बेहद भयावह और चिंताजनक रिपोर्ट जारी की है. यूनिसेफ के अनुसार, 10 अक्टूबर 2025 को घोषित कथित "युद्धविराम" के लगभग 300 दिनों के भीतर गज़ा में कम से कम 300 बच्चों की जान जा चुकी है. इसका सीधा अर्थ यह है कि इस अवधि के दौरान गाज़ा में औसतन हर दिन एक मासूम बच्चे की मौत हुई है.


यूनिसेफ के मध्य पूर्व और उत्तरी अफ्रीका क्षेत्र के निदेशक एडुआर्ड बेगबेडर ने इस स्थिति पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए कहा कि ऐसा युद्धविराम जो रोजाना औसतन एक बच्चे की बलि लेता हो, वह बच्चों की सुरक्षा करने में पूरी तरह विफल साबित हुआ है. गज़ा के मासूम अब भी हिंसा के खत्म होने का इंतजार कर रहे हैं, जिसका उनसे वादा किया गया था.

विज्ञापन


रिपोर्ट के मुताबिक, घातक हमलों में सैकड़ों अन्य बच्चे गंभीर रूप से घायल हुए हैं. मासूमों का जीवन न केवल बमबारी से खतरे में है, बल्कि वे कुपोषण, बीमारियों, दूषित पानी और बदहाल स्वास्थ्य सेवाओं का भी सामना कर रहे हैं. अस्पतालों में इनक्यूबेटर की भारी कमी के कारण कई नवजात शिशुओं को एक ही मशीन साझा करने पर मजबूर होना पड़ रहा है.


अक्टूबर 2023 से जारी इस भीषण संघर्ष में गज़ा के स्वास्थ्य अधिकारियों के अनुसार 73,300 से अधिक फिलिस्तीनियों की जान जा चुकी है. यूनिसेफ का अनुमान है कि 58,000 से अधिक बच्चे अपने माता-पिता में से किसी एक या दोनों को खो चुके हैं, जबकि 17,000 से ज्यादा बच्चे पूरी तरह अकेले या अपने परिवारों से बिछड़ गए हैं. 


वर्तमान में 10 लाख से अधिक बच्चों को तत्काल सुरक्षा और मानसिक-सामाजिक सहायता की जरूरत है.


सड़कों पर मलबे और कचरे के ढेर के बीच सिमटे लाखों परिवार बार-बार विस्थापन झेल रहे हैं. बच्चों का बचपन पूरी तरह छिन चुका है; वे खेल-कूद और पढ़ाई के बजाय दिनभर पानी भरने, भोजन की कतारों में खड़े होने और लकड़ी इकट्ठा करने में लगे रहते हैं. 


यूनिसेफ ने अमेरिका के नेतृत्व वाले शांति प्रस्ताव में शामिल पक्षों से वादों को धरातल पर उतारने और गाज़ा में जारी हिंसा को तुरंत समाप्त करने की अपील की है.

यह खबर शेयर करें: WhatsApp Facebook
CGKhabar — Editor: Raghvendra Chand Singh, Raipur, Chhattisgarh. Managed by Space IX Media LLP