NEET-UG विवाद: ध्यान भटकाने के लिए बनाई गई नई टास्क फोर्स- कांग्रेस
नई दिल्ली । डेस्क: नीट-यूजी और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं के आयोजन को लेकर कांग्रेस ने सोमवार को मोदी सरकार पर जोरदार हमला बोला है. कांग्रेस का आरोप है कि सरकार ने अपनी विफलताओं से जनता का ध्यान भटकाने के लिए परीक्षा सुधारों पर एक नई उच्च-स्तरीय टास्क फोर्स की घोषणा की है.
पार्टी के अनुसार, वर्ष 2024 में गठित के. राधाकृष्णन समिति द्वारा दी गई 101 सिफारिशों को सरकार ने अभी तक पूरी तरह से लागू नहीं किया है और उससे पहले ही एक नया आयोग गठित कर दिया गया.
यह राजनीतिक विवाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा रविवार को इंफोसिस के सह-संस्थापक नंदन नीलेकणी की अध्यक्षता में एक टास्क फोर्स के गठन के ऐलान के बाद शुरू हुआ.
इस समिति में पूर्व इसरो अध्यक्ष एस. सोमनाथ, पूर्व आईबी निदेशक तपन डेका, आईआईटी मद्रास के निदेशक वी. कामाकोटी और पूर्व शिक्षा सचिव अनीता करवाल जैसी प्रमुख हस्तियां शामिल हैं. इसका उद्देश्य प्रौद्योगिकी के उपयोग से नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) के परीक्षा ढांचे को पारदर्शी और मजबूत बनाना है.
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और महासचिव जयराम रमेश ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पूर्व शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान और प्रधानमंत्री के बयानों से जुड़े वीडियो साझा करते हुए सरकार पर तंज कसा.
उन्होंने इसे "कमेटी बनाओ, ध्यान भटकाओ" की नीति करार देते हुए कहा कि सरकार अपनी पुरानी प्राथमिकताओं को पूरा करने के बजाय केवल प्रचार कर रही है. उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि पेपर लीक की घटनाओं के बीच लंबे समय तक एनटीए में स्थायी महानिदेशक की नियुक्ति तक नहीं की गई थी.