IIT दिल्ली: छात्र प्रदर्शन पर निदेशक की सख्त चेतावनी
नई दिल्ली । डेस्क: भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (IIT) दिल्ली में 31 वर्षीय एमएससी छात्र की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के बाद शुरू हुआ प्रदर्शन अब गंभीर रूप ले चुका है. घटना के विरोध में पिछले छह दिनों से लगातार जारी छात्र प्रदर्शनों के बीच आईआईटी दिल्ली के निदेशक रंगन बनर्जी ने आंदोलनकारी छात्रों को सख्त अनुशासनिक कार्रवाई की चेतावनी दी है.
निदेशक ने स्पष्ट किया है कि परिसर की शांति भंग करने और फैकल्टी आवासों के बाहर जाकर अभद्र व धमकाने वाले नारे लगाने वालों के खिलाफ कठोर कदम उठाए जाएंगे.
छात्रों को भेजे गए एक ईमेल में निदेशक रंगन बनर्जी ने बताया कि गुरुवार देर रात प्रदर्शनकारियों का समूह फैकल्टी रेजिडेंशियल इलाके में पहुंच गया था. रात 10:30 बजे से 12:30 बजे के बीच प्रोफेसरों के घरों के बाहर उग्र नारेबाजी की गई, जिससे वहां रहने वाले परिवारों, बच्चों और बुजुर्गों की सुरक्षा व शांति प्रभावित हुई.
निदेशक ने कहा कि ऐसी गतिविधियों से परिसर के शैक्षणिक माहौल और सुरक्षा पर असर पड़ता है, जिसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा.
दूसरी ओर, प्रदर्शनकारी छात्र मृतक के परिवार के लिए मुआवजे, निष्पक्ष स्वतंत्र जांच और जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग पर अड़े हैं.
इस बीच संस्थान ने मामले की जांच के लिए गठित बाहरी समिति का पुनर्गठन किया है. दिल्ली उच्च न्यायालय की सेवानिवृत्त न्यायाधीश मुक्ता गुप्ता को इस जांच समिति की नई अध्यक्ष नियुक्त किया गया है, क्योंकि इससे पहले नियुक्त किए गए उत्तराखंड के पूर्व डीजीपी अशोक कुमार ने व्यक्तिगत कारणों का हवाला देते हुए अपना नाम वापस ले लिया था.