परिसीमन से दक्षिण भारत को नुकसान नहीं: पीयूष गोयल
नई दिल्ली । डेस्क: केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने सोमवार को स्पष्ट किया कि आगामी परिसीमन (Delimitation) प्रक्रिया से दक्षिण भारतीय राज्यों के हितों पर कोई आंच नहीं आएगी. 'द हिंदू' के पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने इन आशंकाओं को 'बेबुनियाद' बताया कि जनसंख्या नियंत्रण में बेहतर प्रदर्शन करने वाले राज्यों को सीटों के नुकसान का सामना करना पड़ेगा.
गोयल ने कहा कि सीटों की संख्या में देशभर में आनुपातिक वृद्धि होगी, जिससे संतुलन बना रहेगा और किसी भी राज्य की स्थिति कमजोर नहीं होगी.
उन्होंने तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन द्वारा इस मुद्दे पर उठाए जा रहे सवालों को 'गलत विमर्श' करार दिया.
इसके साथ ही, केंद्रीय मंत्री ने एक महत्वपूर्ण घोषणा करते हुए कहा कि संसद और विधानसभाओं में महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत आरक्षण साल 2029 तक प्रभावी रूप से लागू कर दिया जाएगा.
द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (DMK) सरकार पर निशाना साधते हुए गोयल ने कहा कि तमिलनाडु अपनी वास्तविक क्षमता तक पहुंचने में विफल रहा है. उन्होंने राष्ट्रीय शिक्षा नीति का बचाव करते हुए इसे राज्य के विकास के लिए जरूरी बताया और विपक्षी दलों पर राजनीतिक लाभ के लिए भ्रम फैलाने का आरोप लगाया.