'बर्थ टूरिज्म' पर रोक: ट्रंप ने जन्मजात नागरिकता के नियमों को सख्त किया
वाशिंगटन । डेस्क: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने जन्मजात नागरिकता (Birthright Citizenship) को सीमित करने और "बर्थ टूरिज्म" पर लगाम कसने के उद्देश्य से दो नए कार्यकारी आदेशों पर हस्ताक्षर किए हैं. अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट द्वारा जन्मजात नागरिकता समाप्त करने वाले पिछले आदेश को खारिज किए जाने के महज कुछ हफ्तों बाद ट्रम्प प्रशासन ने इस दिशा में दोबारा कदम उठाया है.
पहले कार्यकारी आदेश के तहत व्यावसायिक रूप से 'बर्थ टूरिज्म' में शामिल लोगों के अमेरिका प्रवेश पर रोक लगाने का प्रावधान किया गया है. वहीं दूसरे आदेश में उन श्रेणियों का विस्तार किया गया है जिनके बच्चों को अमेरिका की जन्मजात नागरिकता के अयोग्य माना जाएगा.
ओवल ऑफिस में पत्रकारों को संबोधित करते हुए राष्ट्रपति ट्रम्प ने सुप्रीम कोर्ट के हालिया फैसले की आलोचना की और कहा कि प्रशासन अपने रुख में आवश्यक बदलाव कर रहा है. ट्रम्प ने 14वें संविधान संशोधन का उल्लेख करते हुए कहा कि यह कानून गृहयुद्ध के बाद पूर्व दासों के बच्चों के लिए बनाया गया था, लेकिन अब लोग इसके आसपास व्यवसाय खड़ा कर रहे हैं.
व्हाइट हाउस के अनुसार, नए दिशानिर्देशों के तहत उन बच्चों को नागरिकता के दस्तावेजों से वंचित किया जाएगा जिनके माता-पिता केवल बच्चे को जन्म देने के उद्देश्य से किसी व्यावसायिक लेनदेन के तहत अमेरिका आए हों. इसके अलावा आतंकवादी समूहों के सदस्यों और विदेशी सरकारी कर्मचारियों के बच्चों को भी इसके दायरे में रखा गया है.
हालांकि, इस कदम का आप्रवासन विशेषज्ञों और सिविल राइट्स संगठनों ने कड़ा विरोध किया है. विशेषज्ञों का मानना है कि नया आदेश भी अमेरिकी संविधान के 14वें संशोधन का स्पष्ट उल्लंघन करता है और इसे भी अदालत द्वारा खारिज कर दिया जाएगा. 'माइग्रेशन पॉलिसी इंस्टीट्यूट' के अनुमान के मुताबिक, अमेरिका में हर साल लगभग 22,000 से 26,000 बच्चे बर्थ टूरिज्म के माध्यम से पैदा होते हैं.