छत्तीसगढ़: 10 जिलों में एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स बनेगा
रायपुर । संवाददाता: बुधवार को रायपुर में आयोजित मंत्रिपरिषद की बैठक में बैठक में मादक पदार्थों की रोकथाम की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए छत्तीसगढ़ के 10 जिलों में जिला स्तरीय एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) के गठन को स्वीकृति दी गई. इसके लिए वित्तीय वर्ष 2025-26 के मुख्य बजट में प्रावधानित 100 नए पदों को मंजूरी दी गई है. यह टास्क फोर्स रायपुर, महासमुंद, बिलासपुर, दुर्ग, बस्तर, सरगुजा, कबीरधाम, जशपुर, राजनांदगांव और कोरबा जिलों में गठित की जाएगी.
कैबिनेट ने पुलिस मुख्यालय की विशेष शाखा के अंतर्गत स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) के गठन के लिए भी 44 नए पदों को स्वीकृति दी है. यह विशेष प्रशिक्षित बल किसी भी बड़ी या आकस्मिक घटना, आतंकी हमले या गंभीर सुरक्षा खतरे की स्थिति में त्वरित कार्रवाई करेगा.
बैठक में राज्य में विमानन क्षेत्र को बढ़ावा देने के उद्देश्य से विभिन्न एयरपोर्ट और हवाई पट्टियों में फ्लाइट ट्रेनिंग ऑर्गनाइजेशन (FTO) की स्थापना के निर्णय और उसके संचालन संबंधी दिशा-निर्देशों को भी मंजूरी दी गई. निजी सहभागिता से स्थापित होने वाला यह संस्थान युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर खोलेगा.
मंत्रिपरिषद ने छत्तीसगढ़ नवाचार एवं स्टार्टअप प्रोत्साहन नीति 2025-26 का अनुमोदन करते हुए राज्य को एक प्रमुख नवाचार केंद्र के रूप में विकसित करने की दिशा में पहल की है. इसके साथ ही छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल और रायपुर विकास प्राधिकरण की 35 पूर्ण आवासीय कॉलोनियों को नगर निगम और नगर पालिकाओं को सौंपने का फैसला लिया गया, जिससे कॉलोनीवासियों को बुनियादी सुविधाओं का लाभ मिल सकेगा.
कैबिनेट ने नवा रायपुर अटल नगर में शासकीय कार्यालयों के लिए एक वृहद बहुमंजिला भवन निर्माण, सिरपुर एवं अरपा क्षेत्र में योजनाबद्ध विकास हेतु कलेक्टरों को शासकीय भूमि आबंटन का अधिकार, ‘छत्तीसगढ़ क्लाउड फर्स्ट नीति’ को लागू करने और राज्य में डिजिटल कनेक्टिविटी बढ़ाने के लिए मोबाइल टावर योजना को भी मंजूरी दी है.