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बंगाल में लागू होगा UCC और NRC- शुभेंदु अधिकारी

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26 जून 2026, 06:39 PM 2 मिनट में पढ़ें 3

सुवेंदु अधिकारी
सुवेंदु अधिकारी

कोलकाता । डेस्क: पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने राष्ट्रीय सुरक्षा को मजबूत करने और राज्य की सांस्कृतिक पहचान की रक्षा के लिए कई बड़े कदमों की घोषणा की है. कोलकाता के रवींद्र सदन में 'वंदे मातरम' की 150वीं वर्षगांठ के अवसर पर आयोजित एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार जल्द ही राज्य में समान नागरिक संहिता (यूसीसी), नेशनल रजिस्टर ऑफ सिटीजन्स (एनआरसी) और जबरन धार्मिक धर्मांतरण के खिलाफ एक बेहद कड़ा कानून लागू करेगी. 


उन्होंने आरोप लगाया कि अंतरराष्ट्रीय सीमाओं से होने वाली अवैध घुसपैठ के कारण राज्य में 'लव जिहाद', धर्मांतरण और जनसांख्यिकीय बदलाव जैसी चुनौतियां पैदा हो रही हैं, जिससे सामाजिक ताने-बाने को खतरा है. 

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उन्होंने साफ किया कि नागरिकता (संशोधन) अधिनियम (सीएए) के तहत धार्मिक उत्पीड़न का शिकार होकर भारत आए हिंदू शरणार्थी हैं, न कि घुसपैठिए, और उन्हें नियमानुसार नागरिकता दी जाएगी. 


सीमा सुरक्षा को पुख्ता करने के लिए सीमावर्ती जिलों में होल्डिंग सेंटर भी बनाए गए हैं ताकि अवैध प्रवासियों की पहचान कर उन्हें वापस भेजा जा सके. इसके अलावा, मुख्यमंत्री ने 1975 के आपातकाल का विरोध करने वाले 'लोकतंत्र सेनानियों' को सम्मानित करने और उन्हें आधिकारिक प्रमाण पत्र जारी करने के लिए एक समन्वय समिति बनाने का भी एलान किया.


दूसरी ओर, तृणमूल कांग्रेस ने भाजपा सरकार के इन फैसलों और आगामी 'बंगाल सार्वजनिक सुरक्षा और असामाजिक गतिविधि नियंत्रण विधेयक, 2026' को लेकर तीखा हमला बोला है. टीएमसी सांसद महुआ मोइत्रा ने ममता बनर्जी के कालीघाट आवास पर एक बैठक के बाद पत्रकारों से बात करते हुए सरकार पर तानाशाही और दमनकारी नीतियों के जरिए विपक्ष को कुचलने का आरोप लगाया. 


महुआ मोइत्रा ने प्रस्तावित सुरक्षा कानून की तुलना आपातकाल के दौर के 'मीसा' और 'यूएपीए' से करते हुए इसे बेहद क्रूर बताया. उन्होंने दावा किया कि इस कानून के तहत बिना मुकदमे के किसी भी व्यक्ति को साल भर तक हिरासत में रखा जा सकेगा, जिससे नागरिक स्वतंत्रताओं को गंभीर खतरा है. 


टीएमसी सांसद ने कार्यकर्ताओं से न डरने की अपील करते हुए कहा कि 21 जुलाई की शहीद रैली अपने तय कार्यक्रम के अनुसार होगी. 


वहीं, भाजपा ने टीएमसी के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि विपक्ष सत्ता गंवाने के बाद केवल डर का माहौल पैदा कर रहा है. भाजपा नेताओं के मुताबिक, यह विधेयक केवल संगठित अपराध और राजनीतिक हिंसा को खत्म कर कानून का राज स्थापित करने के लिए लाया जा रहा है, न कि लोकतांत्रिक अधिकारों को दबाने के लिए.

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CGKhabar — Editor: Raghvendra Chand Singh, Raipur, Chhattisgarh. Managed by Space IX Media LLP