ट्रंप-पुतिन शिखर सम्मेलन: कोई समझौता नहीं
अलास्का । डेस्क: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के बीच शुक्रवार को अलास्का में हुई एक उच्च-स्तरीय बैठक में रूस-यूक्रेन युद्ध को समाप्त करने के लिए कोई ठोस समझौता नहीं हो सका. लगभग ढाई घंटे तक चली इस मुलाकात में दोनों नेताओं ने गर्मजोशी से हाथ मिलाया, मुस्कुराए और अमेरिकी राष्ट्रपति की लिमोजिन में एक साथ सवारी की, जो 1945 के बाद यूरोप में सबसे बड़े भूमि युद्ध के लिए जिम्मेदार एक अमेरिकी प्रतिद्वंद्वी के लिए असामान्य रूप से गर्मजोशी भरा स्वागत था.
बंद कमरे में शीर्ष सलाहकारों के साथ चर्चा के बाद दोनों नेताओं ने एक संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित किया, लेकिन न तो कोई सवाल लिया गया और न ही यूक्रेन के भविष्य पर चर्चा के विवरण साझा किए गए.
ट्रंप ने कहा कि उनके और पुतिन के बीच कई क्षेत्रों में सहमति बनी है, लेकिन उन्होंने इसका कोई ब्योरा नहीं दिया.
दूसरी ओर, पुतिन ने दावा किया कि दोनों के बीच यूक्रेन को लेकर एक “समझ” बनी है और उन्होंने यूरोप को चेतावनी दी कि वह इस “प्रारंभिक प्रगति” को बाधित न करे.
हालांकि, ट्रंप ने स्पष्ट किया, “कोई समझौता तब तक नहीं है जब तक कोई समझौता न हो.”
ट्रंप ने कहा कि वह जल्द ही यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोदिमीर ज़ेलेंस्की और यूरोपीय नेताओं से बात करेंगे ताकि इस चर्चा की जानकारी दे सकें. यह बैठक जॉइंट बेस एल्मेंडोर्फ-रिचर्डसन, एंकरेज में हुई, जहां ज़ेलेंस्की को आमंत्रित नहीं किया गया था, जिसे लेकर यूक्रेन ने आपत्ति जताई थी.
ट्रंप ने पहले कहा था कि यह मुलाकात एक “सुनने का अभ्यास” है और अगर रूस युद्ध समाप्त करने से इनकार करता है तो “बेहद गंभीर परिणाम” होंगे.
हालांकि, दोनों नेताओं ने एक-दूसरे की तारीफ की और बैठक को “अत्यंत उत्पादक” बताया, लेकिन कोई ठोस परिणाम सामने नहीं आया.
पुतिन ने ट्रंप को मॉस्को आने का निमंत्रण भी दिया. इस बीच, यूक्रेन में रूसी ड्रोन हमलों में सात नागरिकों की मौत और 17 अन्य के घायल होने की खबरें आई हैं, जो इस युद्ध की गंभीरता को दर्शाता है.