ट्रंप की चेतावनी: काबेलो का सहयोग न करने पर मदुरो जैसा अंजाम
वॉशिंगटन। डेस्क: राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के प्रशासन ने वेनेजुएला के कट्टरपंथी आंतरिक मंत्री डियोसडाडो काबेलो को कड़ा अल्टीमेटम देते हुए 'टारगेट लिस्ट' में सबसे ऊपर रखा है. अमेरिकी सूत्रों के मुताबिक, यदि काबेलो ने अंतरिम राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज के साथ सहयोग करने और अमेरिकी मांगों को मानने में बाधा डाली, तो उन्हें भी निकोलस मदुरो की तरह गंभीर परिणाम भुगतने होंगे, जिन्हें हाल ही में एक अमेरिकी छापे के बाद गिरफ्तार कर न्यूयॉर्क ले जाया गया है.
ट्रंप प्रशासन फिलहाल वेनेजुएला में स्थिरता बनाए रखने के लिए मदुरो के कुछ पुराने वफादारों पर भरोसा कर रहा है, लेकिन काबेलो का दमनकारी इतिहास और रोड्रिगेज के साथ उनकी प्रतिद्वंद्विता वाशिंगटन के लिए चिंता का विषय बनी हुई है.
अमेरिका की योजना इन नेताओं के माध्यम से वेनेजुएला के तेल संसाधनों तक पहुंच बहाल करने, मादक पदार्थों की तस्करी रोकने और वहां से क्यूबा व ईरान के प्रभाव को खत्म करने की है.
हालांकि, काबेलो के खिलाफ किसी भी सैन्य कार्रवाई से 'कोलेक्टिवोस' जैसे सशस्त्र समूहों के भड़कने और देश में अराजकता फैलने का खतरा है, जिसे देखते हुए अमेरिकी अधिकारी बेहद सावधानी से कदम उठा रहे हैं.
फिलहाल वाशिंगटन डेल्सी रोड्रिगेज को एक 'लिंचपिन' के रूप में देख रहा है, जो अमेरिकी हितों के अनुसार संक्रमण काल में व्यवस्था संभाल सकें.
ट्रंप प्रशासन का मानना है कि वेनेजुएला का विपक्ष वर्तमान में शांति व्यवस्था बनाए रखने में सक्षम नहीं है, इसलिए वे कुछ समय के लिए मदुरो के पूर्व सहयोगियों का उपयोग करके एक सुरक्षित सत्ता हस्तांतरण और नए चुनावों की ओर बढ़ना चाहते हैं.