गर्भवती सोनाली: बांग्लादेश से मिली जमानत,भारत वापसी का इंतज़ार
गर्भवती सोनाली: B'desh से मिली जमानत, अब भारत वापसी का इंतज़ार
कोलकाता । डेस्क: पश्चिम बंगाल के बीरभूम की निवासी और गर्भवती सोनाली खातून को बांग्लादेश की एक अदालत ने उनके साथ गिरफ्तार पांच अन्य लोगों (जिनमें स्वीटी बीबी भी शामिल हैं) के साथ जमानत दे दी है. इन सभी को अगस्त में चाँपाइनवाबगंज में अवैध घुसपैठ के आरोप में पकड़ा गया था.
हालांकि, इन्हें जेल से रिहा कर दिया गया है, लेकिन अब उनकी भारत वापसी का सवाल बना हुआ है.
यह मामला भारत के सुप्रीम कोर्ट में भी चल रहा है, जिसने सोमवार को केंद्र सरकार को 'अत्यंत मानवीय' दृष्टिकोण अपनाते हुए सोनाली और अन्य को भारत वापस लाने की अनुमति देने का निर्देश दिया.
मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत की पीठ ने जोर देकर कहा कि उनकी भारतीय नागरिकता के दस्तावेज़ (जैसे जन्म प्रमाण पत्र) रिकॉर्ड पर हैं और मानवीय आधार पर उन्हें लौटने की अनुमति मिलनी चाहिए, साथ ही ज़रूरत पड़ने पर निगरानी और अस्पताल में भर्ती कराने की सलाह भी दी.
आरोप है कि सोनाली और पांच अन्य को जून में दिल्ली से 'पुशबैक' कर बांग्लादेश भेज दिया गया था. सोनाली के पिता भदू शेख ने इस 'पुशबैक' के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की थी.
कलकत्ता हाईकोर्ट ने पहले इन्हें चार हफ्तों के भीतर भारत वापस लाने का निर्देश दिया था, जिसके खिलाफ केंद्र ने सुप्रीम कोर्ट में अपील की थी.
सुप्रीम कोर्ट अब इस मामले की अगली सुनवाई बुधवार को करेगा. तृणमूल सांसद सामिरुल इस्लाम ने इस घटना को "बंगाली-विरोधी मानसिकता" से प्रेरित बताते हुए मोदी सरकार पर निशाना साधा है और कहा है कि जब तक सोनाली को सुरक्षित वापस नहीं लाया जाता, तब तक उनकी लड़ाई जारी रहेगी.