नेतनयाहू ने स्मित मछार को बताया 'हीरो', स्वतंत्रता दिवस का भेजा बुलावा
नई दिल्ली । डेस्क: इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने फ्लाईदुबई के भारतीय कैप्टन स्मित मछार की अदम्य बहादुरी की सराहना करते हुए उन्हें इजराइल आने का न्योता दिया है. तेल अवीव जा रही उड़ान के दौरान सह-पायलट द्वारा किए गए जानलेवा हमले के बावजूद विमान और यात्रियों की जान बचाने वाले कैप्टन मछार को पीएम नेतन्याहू ने एक "सच्चा हीरो" करार दिया है.
नेतन्याहू ने अस्पताल में भर्ती कैप्टन स्मित मछार से फोन पर बात की और इस बातचीत का वीडियो जारी करते हुए कहा कि वह कैप्टन मछार और भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को आगामी मई में इजराइल के स्वतंत्रता दिवस के राष्ट्रीय समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में दीप प्रज्वलित करने के लिए आमंत्रित करना चाहते हैं.
आमतौर पर यह सम्मान केवल इजरायली नागरिकों तक ही सीमित रहता है.
घटना के बारे में बताते हुए संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के जांचकर्ताओं ने कहा कि सह-पायलट ने कुल्हाड़ी से हमला कर इस आतंकवादी कृत्य को अंजाम देने की योजना बनाई थी.
कैप्टन मछार ने आपबीती सुनाते हुए बताया कि सह-पायलट ने उनसे प्रार्थना करने की अनुमति मांगी थी, जो वहां के स्थानीय लोगों में आम बात है. सम्मान के तौर पर कैप्टन सामने की ओर देखते रहे, तभी अचानक पीछे से उनके सिर पर पहला वार हुआ.
शुरुआत में उन्हें लगा कि विमान में कोई बड़ा तकनीकी हादसा हुआ है, लेकिन लगातार होते वार से वह समझ गए कि हमला सह-पायलट ही कर रहा है. गंभीर चोटों के बावजूद कैप्टन मछार ने अपनी बची हुई पूरी ताकत लगाकर कॉकपिट का दरवाजा खोला, जहां बाहर मौजूद लोगों ने तुरंत स्थिति को संभाला और एक बड़ा हादसा टल गया.