ईरान का बड़ा ऐलान: होर्मुज पर नियंत्रण नहीं छोड़ेगा तेहरान
तेहरान । डेस्क: ईरान ने सामरिक रूप से महत्वपूर्ण होर्मुज जलडमरूमध्य पर अपने पूर्ण संप्रभु अधिकार की घोषणा करते हुए स्पष्ट किया है कि वह इस महत्वपूर्ण जलमार्ग पर अपना नियंत्रण कभी नहीं छोड़ेगा. ईरानी संसद की राष्ट्रीय सुरक्षा और विदेश नीति समिति के अध्यक्ष इब्राहिम अजीजी ने इसे राष्ट्र की संप्रभुता का अभिन्न अंग बताते हुए कहा कि इस गलियारे पर इस्लामी गणराज्य का व्यापक नियंत्रण बना रहेगा.
ईरानी सरकारी मीडिया 'प्रेस टीवी' के अनुसार, अजीजी ने जोर देकर कहा कि ईरान अब इस मार्ग से गुजरने वाले जहाजों के लिए "मार्ग के अधिकार" और "अनुमति जारी करने" की प्रक्रिया को नियंत्रित करने का इरादा रखता है.
इस रुख को कानूनी आधार देने के लिए ईरानी संसद में एक नया विधेयक पेश किया जा रहा है, जो संविधान के अनुच्छेद 110 पर आधारित है.
यह कानून पर्यावरण, समुद्री सुरक्षा और राष्ट्रीय सुरक्षा से संबंधित है, जिसे लागू करने की जिम्मेदारी सशस्त्र बलों को सौंपी गई है.
अजीजी ने अमेरिका और इजरायल के साथ हालिया संघर्ष का हवाला देते हुए कहा कि यह जलमार्ग विरोधियों के खिलाफ एक प्रमुख संपत्ति है और समुद्री यातायात का विनियमन "निवारक क्षमता" को बहाल करने के लिए आवश्यक है.
इस बीच, क्षेत्र में तनाव तब और बढ़ गया जब ओमान सागर में एक ईरानी व्यापारिक जहाज 'तोस्का' पर अमेरिकी सैन्य कार्रवाई की खबरें आईं, जिसके जवाब में ईरान ने अमेरिकी सैन्य जहाजों पर ड्रोन हमले किए.
हालांकि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दो सप्ताह के युद्धविराम की घोषणा की है, लेकिन नौसैनिक नाकेबंदी और समुद्री अधिकारों को लेकर जारी विवाद ने क्षेत्र में स्थिति को अस्थिर बना रखा है.