हैदराबाद में छत्तीसगढ़ की माओवादी नेता श्री विद्या गिरफ्तार
हैदराबाद । डेस्क: तेलंगाना पुलिस की विशेष खुफिया शाखा ने गुरुवार को हैदराबाद के हफीजपेट इलाके में प्रतिबंधित भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (माओवादी) की दंडकारण्य राज्य समिति की प्रमुख सदस्य श्री विद्या को गिरफ्तार किया है. श्री विद्या, जो वर्तमान में 50 वर्ष की आयु के आसपास हैं, छत्तीसगढ़ के माड़ क्षेत्र में सक्रिय थी.
पुलिस सूत्रों के अनुसार, श्री विद्या 1992 में पीपुल्स वॉर में शामिल हुई थी और बाद में वरिष्ठ माओवादी नेता तक्कलपल्ली वासुदेव राव उर्फ अशन्ना से विवाह किया. श्री विद्या के सिर पर 20 लाख रुपये का इनाम घोषित था.
खुफिया जानकारी के आधार पर साइबराबाद पुलिस के सहयोग से विशेष खुफिया शाखा ने श्री विद्या को हफीजपेट में एक किराये के मकान से हिरासत में लिया, जहां वह कथित तौर पर माओवादियों के गुप्त कार्यों में शामिल थी.
पुलिस ने मकान से माओवादी साहित्य और एक लैपटॉप भी बरामद किया. सूत्रों ने बताया कि मकान को किसी परिचित व्यक्ति के पहचान पत्र का उपयोग करके किराये पर लिया गया था.
श्री विद्या की गिरफ्तारी की खबर फैलने के बाद उसके परिवार और मानवाधिकार कार्यकर्ताओं ने शुरू में संदेह जताया कि सादे कपड़ों में आये लोग पुलिसकर्मी हो सकते हैं, लेकिन उन्हें यह स्पष्ट नहीं था कि यह कार्रवाई किस एजेंसी ने की.
बाद में, जब यह पुष्टि हुई कि साइबराबाद पुलिस ने श्री विद्या को हिरासत में लिया है, तो उन्होंने मांग की कि श्री विद्या को मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश किया जाये. कार्यकर्ताओं ने हाईकोर्ट में हाउस मोशन याचिका के माध्यम से हेबियस कॉर्पस याचिका दायर करने की कोशिश की, लेकिन इसे स्वीकार नहीं किया गया.
श्री विद्या के खिलाफ कई राज्यों में विभिन्न मामले दर्ज हैं.
वर्ष 2019 में श्री विद्या के भाई एन. रवि शर्मा और उनकी पत्नी बी. अनुराधा, जो सीपीआई माओवादी की बिहार-झारखंड इकाई के पूर्व राज्य समिति सदस्य थे, को एलबी नगर पुलिस ने एक मामले में नामजद किया था.
उसी मामले में श्री विद्या को भी भगोड़ा आरोपी घोषित किया गया था.
गुरुवार देर रात श्री विद्या के खिलाफ मियापुर पुलिस स्टेशन में एक नया मामला दर्ज किया गया.