रवि, 18 अक्टू. 2026

CGKhabar

भारत में शेख हसीना का प्रवास 'निजी फैसला'- जयशंकर

C

CG Khabar

06 दिस. 2025, 05:25 PM 2 मिनट में पढ़ें 2

शेख हसीना
शेख हसीना

नई दिल्ली । डेस्क: 2024 में कोटा विरोधी छात्र आंदोलन के कारण बांग्लादेश से भागने के बाद से भारत में रह रहीं बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना के प्रत्यर्पण की मांग पर भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने एक महत्वपूर्ण बयान दिया है. ढाका अंतर्राष्ट्रीय ट्रिब्यूनल द्वारा छात्र आंदोलन पर हिंसक कार्रवाई के लिए उन्हें मौत की सजा सुनाए जाने के बाद, भारत में उनकी उपस्थिति दोनों देशों के बीच राजनयिक तनाव का विषय बन गई है, क्योंकि बांग्लादेश पहले ही कई बार उनके प्रत्यर्पण की मांग कर चुका है.


भारत सरकार ने कथित तौर पर 78 वर्षीय पूर्व प्रधानमंत्री के लिए नई दिल्ली के लुटियंस बंगलो ज़ोन में एक 'सुरक्षित घर' की व्यवस्था की है, जैसा कि अक्टूबर 2024 में 'द प्रिंट' की एक रिपोर्ट में बताया गया था. यह बंगला मंत्रियों, वरिष्ठ सांसदों और शीर्ष अधिकारियों को आवंटित किए जाने वाले बंगलों के समान है.

विज्ञापन


बांग्लादेश, जहां पिछले साल देशव्यापी छात्र विद्रोह पर हिंसक कार्रवाई में उनकी भूमिका के कारण अंतर्राष्ट्रीय अपराध ट्रिब्यूनल (आई.सी.टी.) ने 17 नवंबर को शेख हसीना को मौत की सजा सुनाई थी, भारत से उन्हें वापस भेजने की मांग कर रहा है.


भारत में हसीना के निवास की अवधि पर सवाल उठ रहे हैं, खासकर बांग्लादेश के बढ़ते दबाव के मद्देनजर. शनिवार को एचटी लीडरशिप समिट में एनडीटीवी के सीईओ और एडिटर-इन-चीफ राहुल कंवल के साथ एक चर्चा में, विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने स्पष्ट किया कि बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना का भारत में रहने का निर्णय पूरी तरह से उनका व्यक्तिगत मामला है. उन्होंने कहा कि वह बांग्लादेश की 'स्थिति' के कारण देश छोड़कर भागने और भारत में शरण लेने के लिए मजबूर हुई थीं.


जब जयशंकर से पूछा गया कि क्या हसीना 'जितने दिन चाहें' भारत में रह सकती हैं, तो उन्होंने जवाब दिया, "यह एक अलग मामला है. वह यहाँ एक विशेष परिस्थिति में आई थीं. और मुझे लगता है कि वह परिस्थिति स्पष्ट रूप से उनके साथ जो हुआ, उसका एक कारण है. यह एक ऐसा मामला है जिस पर उन्हें फैसला लेना होगा."


बांग्लादेश की अंतरिम सरकार ने पूर्व प्रधानमंत्री को वापस बुलाने के लिए पिछले महीने औपचारिक रूप से भारत को एक पत्र भेजा था, जिसे 21 नवंबर, शुक्रवार को नई दिल्ली में बांग्लादेश उच्चायोग के माध्यम से भेजा गया था. यह भारत से शेख हसीना के प्रत्यर्पण का तीसरा अनुरोध था, इससे पहले 20 और 27 दिसंबर, 2024 को भी इसी तरह के पत्र भेजे गए थे.

यह खबर शेयर करें: WhatsApp Facebook
CGKhabar — Editor: Raghvendra Chand Singh, Raipur, Chhattisgarh. Managed by Space IX Media LLP