राम मंदिर के मुख्य पुजारी सत्येंद्र दास का निधन
अयोध्या की राम जन्मभूमि मंदिर के मुख्य पुजारी 85 वर्षीय आचार्य सत्येंद्र दास का बुधवार को निधन हो गया.
अयोध्या | डेस्क: अयोध्या की राम जन्मभूमि मंदिर के मुख्य पुजारी 85 वर्षीय आचार्य सत्येंद्र दास का बुधवार को निधन हो गया. सत्येंद्र दास को सप्ताह भर पहले ब्रेन स्ट्रोक के बाद लखनऊ के संजय गांधी पोस्ट ग्रेजुएट इंस्टीट्यूट ऑफ़ मेडिकल साइंसेस में भर्ती किया गया था.
वे पिछले 32 साल से रामजन्मभूमि में बतौर मुख्य पुजारी थे. 6 दिसंबर 1992 को जब बाबरी मस्ज़िद गिराई गई थी, उस समय भी रामलला के पुजारी आचार्य सत्येंद्र दास ही थे. उन्होंने ही मस्ज़िद का ढांचा गिराने से पहले मूर्तियों को एक दूसरे मंदिर में रखा था.
अयोध्या से 98 किलोमीटर दूर संतकबीरनगर जिले में 20 मई, 1945 को जन्मे सत्येंद्र दास ने 1958 में घर बार छोड़ कर संन्यास लिया और अभिराम दास के शिष्य बने. अभिराम दास ही थे, जिन्होंने 22-23 दिसंबर 1949 को बाबरी मस्ज़िद के ढांचे के भीतर राम-सीता और लक्ष्मण, भरत, शत्रुघन की मूर्तियों के प्रकट होने की बात कही थी. उसी आधार पर अदालती लड़ाई शुरु हुई थी.
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आचार्य सत्येंद्र दास के निधन पर शोक जताते हुए एक्स पर लिखा, “परम रामभक्त, श्री राम जन्मभूमि मंदिर, श्री अयोध्या धाम के मुख्य पुजारी आचार्य श्री सत्येन्द्र कुमार दास जी महाराज का निधन अत्यंत दुःखद एवं आध्यात्मिक जगत की अपूरणीय क्षति है. विनम्र श्रद्धांजलि. प्रभु श्री राम से प्रार्थना है कि दिवंगत पुण्यात्मा को अपने श्री चरणों में स्थान दे तथा शोक संतप्त शिष्यों एवं अनुयायियों को यह अथाह दुःख सहन करने की शक्ति प्रदान करें. ॐ शांति.”