योगी के 'कयामत' वाले बयान पर ओवैसी का पलटवार: उर्दू शब्द बोलना ही पड़ा
नई दिल्ली । डेस्क: एआईएमआईएम (AIMIM) प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के 'कयामत' वाले बयान पर तंज कसा है. शनिवार को समाचार एजेंसी एएनआई से बातचीत के दौरान ओवैसी ने कहा कि यह दिलचस्प है कि मुख्यमंत्री को एक उर्दू शब्द का इस्तेमाल करना पड़ा.
उन्होंने चुटकी लेते हुए सवाल किया, "कम से कम उन्हें एक उर्दू शब्द तो बोलना पड़ा, उनसे पूछिए कि 'कयामत' के लिए हिंदी शब्द क्या होगा?"
दरअसल, बाराबंकी में एक सभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बाबरी ढांचे के पुनर्निर्माण की संभावनाओं को खारिज करते हुए कहा था, "कयामत का दिन कभी नहीं आएगा, और इसलिए बाबरी ढांचा कभी नहीं बनेगा. जो लोग कयामत के दिन का सपना देख रहे हैं वे सड़ जाएंगे, लेकिन वह दिन कभी नहीं आएगा."
इसी बातचीत के दौरान ओवैसी ने संसद की मौजूदा राजनीतिक सरगर्मी पर भी अपनी स्थिति साफ की. उन्होंने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के खिलाफ लाए गए अविश्वास प्रस्ताव और विपक्ष के नेता राहुल गांधी के खिलाफ विशेषाधिकार प्रस्ताव में अपनी किसी भी भूमिका से इनकार किया.
ओवैसी ने स्पष्ट किया कि न तो उनसे इस बारे में पूछा गया और न ही उन्होंने लोकसभा अध्यक्ष के खिलाफ किसी प्रस्ताव पर हस्ताक्षर किए हैं.
राहुल गांधी के मामले पर उन्होंने कहा कि विशेषाधिकार प्रस्ताव में कोई दम नहीं है और इससे कुछ हासिल नहीं होने वाला है. ज्ञात हो कि एक दिन पहले ही भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने राहुल गांधी के खिलाफ प्रस्ताव पेश किया था, जिसके जवाब में कांग्रेस ने अध्यक्ष के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव का नोटिस दिया था.