इंडिया पोस्ट ने अमेरिका को पार्सल भेजना फिर से शुरू किया
नई दिल्ली । डेस्क: भारत पोस्ट (India Post) ने 15 अक्टूबर से संयुक्त राज्य अमेरिका के लिए सभी श्रेणियों की अंतर्राष्ट्रीय डाक सेवाओं को फिर से शुरू करने की घोषणा की है. यह कदम अमेरिका के नए सीमा शुल्क (Customs) नियमों के कारण लगभग दो महीने से चल रहे निलंबन को समाप्त करता है.
डाक विभाग ने अमेरिकी सीमा शुल्क और सीमा सुरक्षा (CBP) के नए नियमों का पालन करने के लिए एक पूरी तरह से अनुपालक तंत्र स्थापित किया है. यह निलंबन 22 अगस्त को शुरू हुआ था, जब वॉशिंगटन ने "de minimis" छूट को समाप्त कर दिया था.
नई ड्यूटी-पेड प्रणाली से लाभ
नए तंत्र के तहत, अमेरिका भेजे जाने वाले सभी पार्सलों पर लागू आयात शुल्क भारत में ही अग्रिम रूप से (upfront) एकत्र किया जाएगा. यह शुल्क CBP-अनुमोदित "योग्य पार्टियों" (Qualified Parties) के माध्यम से सीधे CBP को भेजा जाएगा.
संचार मंत्रालय ने कहा, "यह पूर्ण नियामक अनुपालन, तेज सीमा शुल्क निकासी और बिना किसी अतिरिक्त शुल्क या देरी के निर्बाध डिलीवरी सुनिश्चित करता है."
ड्यूटी में 50% की फ्लैट दर
अमेरिका ने अंतर्राष्ट्रीय आपातकालीन आर्थिक शक्तियां अधिनियम (IEEPA) टैरिफ के तहत भारत से आने वाली डाक वस्तुओं पर घोषित 'फ्री ऑन बोर्ड' (FOB) मूल्य का 50% फ्लैट सीमा शुल्क लगाया है. अधिकारियों का कहना है कि यह सरल फ्लैट दर, उत्पाद-विशिष्ट टैरिफ की जगह लेती है और छोटे व्यवसायों के लिए वाणिज्यिक कूरियर चैनलों की तुलना में डाक निर्यात को सस्ता बनाती है.
सबसे बड़ी राहत की बात यह है कि इंडिया पोस्ट इस नई डिलीवरी ड्यूटी पेड (DDP) प्रणाली या योग्य पार्टी सेवाओं की सुविधा के लिए कोई अतिरिक्त शुल्क नहीं लेगा. डाक टैरिफ अपरिवर्तित रहेंगे.
यह सरलीकृत प्रणाली विशेष रूप से एमएसएमई, कारीगरों और ई-कॉमर्स विक्रेताओं के लिए एक बड़ी राहत है, जो किफायती और पारदर्शी लॉजिस्टिक्स के लिए इंडिया पोस्ट पर निर्भर हैं. यह कदम "मेक इन इंडिया" और निर्यात को बढ़ावा देने वाली अन्य राष्ट्रीय पहलों को भी समर्थन देगा.