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पिता की साजिश का पर्दाफाश, दिल्ली एसिड अटैक 'फर्जी' निकला!

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27 अक्टू. 2025, 06:56 PM 3 मिनट में पढ़ें 2

एसिड अटैक
एसिड अटैक

नई दिल्ली । डेस्क: उत्तर-पश्चिम दिल्ली के अशोक विहार में रविवार को एक युवती पर हुए कथित एसिड अटैक की घटना ने 24 घंटे के भीतर ही नाटकीय मोड़ ले लिया है. पुलिस जांच में सामने आया है कि यह एसिड अटैक की पूरी घटना फर्जी थी और इसके पीछे 'पीड़ित' युवती के पिता की एक गहरी साजिश थी. पुलिस ने युवती के पिता को गिरफ्तार कर लिया है, जिन्होंने पूछताछ में अपना जुर्म कबूल कर लिया है.


रविवार को 20 वर्षीय युवती ने पुलिस को बताया था कि कॉलेज जाते समय मोटरसाइकिल पर आए तीन युवकों ने उस पर एसिड फेंका. हालांकि, हाथ सामने करने से उसका चेहरा बच गया, लेकिन उसके दोनों हाथ झुलस गए थे. लेकिन पुलिस को युवती के बयानों में कई विसंगतियां मिलीं, जिससे शक पैदा हुआ.

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जांच में पता चला कि युवती पर किसी ने एसिड अटैक नहीं किया था. बल्कि, युवती के पिता ने उसे शौचालय साफ करने वाला एसिड (टॉयलेट क्लीनर) घर से ले जाने को कहा था, जिसे उसने बाद में अपने हाथों पर डाल दिया था.


महिला के पति को फंसाने की साजिश:


पुलिस सूत्रों के मुताबिक, युवती के पिता ने यह पूरी साजिश रची थी ताकि वह उस व्यक्ति को फंसा सकें, जिसे युवती ने अपने बयान में मुख्य आरोपी बताया था. दरअसल, उस 'मुख्य आरोपी' की पत्नी ने कुछ दिन पहले ही युवती के पिता के खिलाफ अशोक विहार थाने में रेप और ब्लैकमेलिंग का मामला दर्ज कराया था. महिला का आरोप था कि वह पहले युवती के पिता के पास काम करती थी, उस दौरान उन्होंने जबरन उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए और बाद में वीडियो के जरिए ब्लैकमेल भी किया.


पुलिस की पूछताछ में युवती के पिता ने कबूल किया कि रेप का मामला दर्ज होने के कारण ही उन्होंने महिला के पति को फंसाने के लिए यह झूठी एसिड अटैक की कहानी गढ़ी.


शुरुआत में, इस घटना को लेकर दिल्ली में काफी तनाव फैल गया था और उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने भी तत्काल मुख्य आरोपी को गिरफ्तार करने का निर्देश दिया था. लेकिन पुलिस जांच में युवती के दावों पर सवाल उठे.


जांच में सामने आईं विसंगतियां:


युवती ने बताया था कि वह 200 मीटर बाद रिक्शा से उतर गई थी, जिस पर पुलिस को संदेह हुआ.


जांचकर्ताओं को घटनास्थल की दीवारों पर एसिड के कोई निशान नहीं मिले.


जिस व्यक्ति को मुख्य आरोपी बताया गया था, उसके कॉल डिटेल रिकॉर्ड (सीडीआर) से पता चला कि घटना के समय वह करोल बाग इलाके में था, न कि घटनास्थल पर.


आस-पास के सीसीटीवी फुटेज में भी कथित मुख्य आरोपी की कोई गतिविधि नजर नहीं आई.


इन सभी सबूतों के आधार पर पुलिस ने युवती के पिता से सख्ती से पूछताछ की, जिसके बाद उन्होंने साजिश का पर्दाफाश कर दिया. पुलिस ने युवती के पिता को गिरफ्तार कर लिया है और आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है.

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CGKhabar — Editor: Raghvendra Chand Singh, Raipur, Chhattisgarh. Managed by Space IX Media LLP