यमन में हूती विद्रोहियों के हमले में 30 सैनिकों की मौत, कई घायल
नई दिल्ली । डेस्क: यमन में एक बार फिर भीषण हिंसा भड़क उठी है. हूती विद्रोहियों द्वारा सैन्य शिविरों पर किए गए घातक मिसाइल और ड्रोन हमलों में यमनी सेना के कम से कम 30 जवानों की मौत हो गई, जबकि 15 अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए हैं. यमनी सरकारी सूत्रों के अनुसार, हमले हद्रमाउत और मारिब प्रांतों में स्थित सैन्य ठिकानों को निशाना बनाकर किए गए थे.
चार साल की सापेक्ष शांति के बाद यमन सरकार और ईरान समर्थित हूती विद्रोहियों के बीच यह हाल के वर्षों का सबसे बड़ा और खूनी हमला माना जा रहा है.
हूती सैन्य प्रवक्ता याह्या सारी ने इस हमले की जिम्मेदारी लेते हुए दावा किया कि इसमें सैकड़ों सैनिक हताहत हुए हैं. वहीं यमनी सेना के सूत्रों का कहना है कि अल-जौफ प्रांत से दागी गई आठ मिसाइलों ने अल-अबर और अल-रौक जैसे महत्वपूर्ण सैन्य ठिकानों को तबाह कर दिया, जिससे मौतों का आंकड़ा और बढ़ने की आशंका है.
यह ताजा हमला हाल के हफ्तों में लाल सागर और मध्य पूर्व में बढ़ते क्षेत्रीय तनाव का नतीजा है. पिछले महीने सना हवाई अड्डे पर ईरानी विमान की लैंडिंग को लेकर शुरू हुआ विवाद अब व्यापक सैन्य टकराव में बदल चुका है.
हूती विद्रोहियों द्वारा सऊदी अरब पर समुद्री नाकाबंदी की घोषणा और लाल सागर में जहाजों को निशाना बनाने के बाद सऊदी नीत गठबंधन ने भी यमन में हूती ठिकानों पर फिर से हवाई हमले शुरू कर दिए हैं. 2014 से जारी इस यमनी गृहयुद्ध में दोनों पक्षों की ओर से सैन्य लामबंदी तेज होने से पूरे क्षेत्र में नए संकट के बादल मंडराने लगे हैं.