'वैनिश कुमार मस्ट गो'- ममता बनर्जी
कोलकाता । डेस्क: तृणमूल कांग्रेस प्रमुख और पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने चुनाव आयोग और केंद्र सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है. श्रीरामपुर में आयोजित एक विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए ममता बनर्जी ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर तीखा हमला बोला और उनके तत्काल इस्तीफे या निष्कासन की मांग की. उन्होंने 'वैनिश कुमार मस्ट गो' (ज्ञानेश कुमार को जाना ही होगा) का नारा देते हुए ऐलान किया कि जब तक मुख्य चुनाव आयुक्त को हटाया नहीं जाता, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा.
'हम हारे नहीं हैं, हमें जबरन हराया गया है'
जनसभा के दौरान पूर्व मुख्यमंत्री ने चुनाव प्रक्रिया की पारदर्शिता पर गंभीर सवाल खड़े किए. अपनी पार्टी की हार को सिरे से खारिज करते हुए उन्होंने कहा कि तृणमूल कांग्रेस चुनाव हारी नहीं है, बल्कि साजिश के तहत उसे हराया गया है. ममता बनर्जी ने आरोप लगाया कि चुनाव के दौरान ईवीएम मशीनों और मतगणना केंद्रों को 'हाइजैक' किया गया था. उन्होंने कहा, "आहिस्ते-आहिस्ते सब कुछ सामने आ जाएगा, क्योंकि सत्य को कभी दबाकर नहीं रखा जा सकता." उन्होंने विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) प्रक्रिया को लेकर भी चुनाव आयोग और संबंधित अधिकारियों को आड़े हाथों लिया.
विपक्षी एकजुटता: पार्टी और झंडे से ऊपर उठकर लड़ाई का आह्वान
मुख्य चुनाव आयुक्त को पद से हटाने की इस मुहिम के साथ ही ममता बनर्जी ने राष्ट्रीय स्तर पर विपक्षी एकजुटता का आह्वान किया है. उन्होंने स्पष्ट किया कि निष्पक्ष चुनाव प्रक्रिया और जनहित के मुद्दों पर वह किसी भी दल का समर्थन करने को तैयार हैं. ममता बनर्जी ने कहा, "किस पार्टी का क्या रंग है, यह देखने की जरूरत नहीं है. चाहे 'ए', 'बी', 'सी' हो या 'जेड' पार्टी, अगर मुद्दा जनता के हित में है तो हम उनके साथ खड़े रहेंगे." उन्होंने जानकारी दी कि आगामी बुधवार को नई दिल्ली में विपक्षी गठबंधन 'इंडिया' की महत्वपूर्ण बैठक होने जा रही है, जिसमें आगे की रणनीति तय की जाएगी.
सीपीएम और कांग्रेस के साथ बातचीत के संकेत
राष्ट्रीय स्तर पर नए राजनीतिक समीकरणों का संकेत देते हुए ममता बनर्जी ने बताया कि उनकी फोन पर कांग्रेस नेता राहुल गांधी और सीपीआई(एम) के वरिष्ठ नेता एम ए बेबी से बातचीत हुई है. उन्होंने बताया कि सीपीआई(एम) नेता ने भी इस मुद्दे पर एक साथ मिलकर बैठने का प्रस्ताव दिया था, जिस पर उन्होंने तुरंत सहमति जताई. ममता बनर्जी ने कहा कि पूर्व में जब उन्होंने गठबंधन की पहल की थी, तब कई लोगों ने सवाल उठाए थे, लेकिन आज पूरा देश समझ रहा है कि निष्पक्ष चुनाव प्रक्रिया बहाल करने के लिए सभी विरोधी दलों का एक मंच पर आना कितना आवश्यक है.
केंद्र सरकार और राज्य पुलिस पर कड़ा प्रहार
सभा को संबोधित करते हुए तृणमूल प्रमुख ने दिल्ली की केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि आज "दिल्ली की सत्ता टलमल (डगमगा) रही है" और चारों तरफ बदलाव की हवा बह रही है. इसके साथ ही उन्होंने स्थानीय स्तर पर तृणमूल नेताओं, जैसे कुणाल घोष की गाड़ी पर हुए हमले और कार्यकर्ताओं को परेशान किए जाने को लेकर पुलिस को भी चेतावनी दी. उन्होंने पुलिस कर्मियों से अपील की कि वे सत्ता के दबाव में काम करने के बजाय अपनी अंतरात्मा की आवाज सुनें और जनता के रक्षक बनें.