छत्तीसगढ़ में बना लेमरु हाथी रिजर्व

रायपुर | संवाददाता : छत्तीसगढ़ में लेमरु हाथी रिजर्व को राज्य सरकार ने अधिसूचित कर दिया है. अधिसूचना क्रमांक- एफ-8-6/2007/10-2 दिनांक 07.10.2021 के राजपत्र में प्रकाशन के साथ ही राज्य के 1995.48 वर्ग किलोमीटर में हाथी रिजर्व के निर्माण की औपचारिकताएं पूरी हो चुकी हैं.

राज्य सरकार ने इसी साल 3827 वर्ग किलोमीटर में हाथी रिजर्व बनाने को लेकर केंद्र सरकार को पत्र लिखा था.


लेकिन राज्य सरकार ने लेमरु हाथी रिजर्व के लिए केवल 1995.48 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र के जंगल को ही शामिल किया है. अब राज्य सरकार के इस क़दम से हसदेव अरण्य के इलाके में बड़ी संख्या में कोयला खदानों को मंजूरी दी जा सकेगी.

हालांकि इस हाथी रिजर्व के भीतर भी किसी भी तरह के निर्माण या खनन कार्य को मंजूरी देने के रास्ते निकाले जा सकते हैं.

हाथी रिजर्व को क़ानूनी मान्यता नहीं

विशेषज्ञों का कहना है कि लेमरु हाथी रिजर्व असल में महज औपचारिकता भर है क्योंकि इसकी कोई क़ानूनी या संवैधानिक मान्यता नहीं है और ताज़ा अधिसूचना भ्रम की स्थिति पैदा करने वाला प्रतीत होता है.

राज्य सरकार ने लेमरु हाथी रिजर्व बनाने के लिए जो तरीका अपनाया है, उसके कारण यह स्थिति पैदा हुई है.

हाथी रिजर्व का दायरा तो लगभग आधा कर ही दिया गया है, इसकी अधिसूचना में किसी कानूनी प्रावधान का भी उल्लेख नहीं है.

आम तौर पर किसी अधिसूचना में इस बात का साफ-साफ उल्लेख होता है कि किस नियम, क़ानून या उपनियम के तहत हाथी रिजर्व की निर्माण किया जा रहा है.

लेकिन हाथी रिजर्व की अधिसूचना में किसी नियम या उपनियम का उल्लेख ही नहीं है.

क़ानून के जानकार मानते हैं कि इस तरह की किसी अधिसूचना से भ्रम की स्थिति बनेगी और आने वाले दिनों में इस हाथी रिजर्व के कानूनी पहलू व अधिकार को लेकर सवाल उठ सकते हैं. क्या इस हाथी रिजर्व के दायरे में रहने वाले लोगों के अधिकार यथावत रहेंगे या उन्हें विस्थापित किया जाएगा, इस तरह के कई सवाल आने वाले दिनों में सरकार के लिए मुश्किल पैदा कर सकते हैं.

क्या कहती है हाथी रिजर्व की अधिसूचना

हाथी रिजर्व की इस अधिसूचना में कहा गया है- जंगली हाथियों को उपयुक्त प्राकृतिक रहवास उपलब्ध कराने, मानव-हाथी द्वंद्व कम करने तथा बेहतर वन्यप्राणी प्रबंधन के उद्देश्य से छत्तीसगढ़ शासन एतद द्वारा निम्न अनुसूची में दर्शाये अनुसार ‘लेमरु हाथी रिजर्व’ घोषित करता है.

इस अधिसूचना की अनुसूची के अनुसार इस हाथी रिजर्व में कोरबा, सरगुजा और रायगढ़ ज़िले को शामिल किया गया है.

इस हाथी रिजर्व में केंदई, एतमानगर, उदयपुर, लखनपुर, कुदमुरा, पसरखेत, बाल्को, लेमरू, बोरो, कापू और धर्मजयगढ़ परिक्षेत्र को शामिल किया गया है.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!